पश्चिम बंगाल के हुगली जिले में सड़क दुर्घटना में तीन लोगों की मौत
शनिवार की सुबह पश्चिम बंगाल के हुगली जिले में एक भयानक सड़क दुर्घटना में तीन लोगों की जान चली गई। यह दुर्घटना राष्ट्रीय राजमार्ग-19 पर गुराप पुलिस थाने के कनाजुली क्षेत्र में हुई।
पुलिस के अनुसार, मृतक तीनों लोग कुम्हार थे, जो शनिवार सुबह आसनसोल लौट रहे थे। अचानक उनकी कार ने नियंत्रण खो दिया और एक चलती हुई कार के पीछे टकरा गई। इस दुर्घटना की तीव्रता इतनी अधिक थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। इस दुर्घटना में कार में सवार तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
स्थानीय निवासियों की सहायता और पुलिस का हस्तक्षेप
स्थानीय निवासियों ने पहले इस दुर्घटना में फंसे लोगों की सहायता करने का प्रयास किया। इसके बाद, गुराप पुलिस थाने को सूचित किया गया। पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुंचकर घायलों को बचाया और उन्हें बर्दवान मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में भेजा।
हालांकि, अस्पताल में डॉक्टरों ने सभी तीनों को मृत घोषित कर दिया। मृतकों की पहचान दिवास मंडल (30 वर्ष), कौशिक मंडल (28 वर्ष) और निमाई दास (38 वर्ष) के रूप में हुई है। ये सभी पेशेवर कुम्हार हैं। दिवास का घर उत्तर 24 परगना जिले के हिंगालगंज में है, कौशिक का घर उसी जिले के हरुआ पुलिस थाने के क्षेत्र में है, और निमाई का घर दक्षिण कोलकाता के रवींद्र सरोबर पुलिस थाने के क्षेत्र में स्थित है।
पुलिस की प्राथमिक जांच और दुर्घटना का कारण
प्रारंभिक जांच में पुलिस का मानना है कि यह घटना संभवतः ड्राइवर के नींद में होने के कारण हुई। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, “सुबह लगभग 4 से 5 बजे के बीच एक भयानक दुर्घटना हुई। कार तेज गति से चल रही थी। यह नियंत्रण खोकर एक चलती हुई कार के पीछे टकरा गई। इस दुर्घटना में तीन लोगों की जान चली गई। आगे की जांच जारी है।”
दुर्घटना के बाद का माहौल
मृतकों के शवों को पोस्ट-मॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस अधिकारी के अनुसार, मृतक कुम्हारों के परिवार के सदस्यों को सूचित किया गया है। इस दुर्घटना की खबर फैलते ही मृतकों के पड़ोस में मातम छा गया है। स्थानीय लोगों ने इस घटना को बेहद दुखद बताया और मृतकों के परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की।
दुर्घटना की गंभीरता और सुरक्षा के उपाय
यह दुर्घटना न केवल मृतकों के परिवारों के लिए एक बड़ा आघात है, बल्कि यह सड़क सुरक्षा के मुद्दे पर भी सवाल उठाती है। उच्च गति से वाहन चलाने और सड़क पर सावधानी नहीं बरतने के कारण हुए इस हादसे ने सभी को सोचने पर मजबूर कर दिया है।
स्थानीय प्रशासन को इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है। इसमें सड़क सुरक्षा के नियमों को सख्ती से लागू करना, ड्राइवरों के लिए जागरूकता अभियान चलाना और दुर्घटनाओं के संभावित स्थलों पर उचित संकेतक लगाना शामिल है।
इस दुर्घटना ने न केवल तीन परिवारों को प्रभावित किया है, बल्कि पूरे समुदाय में एक गंभीर संदेश भी दिया है कि सड़क पर सतर्क रहना कितना महत्वपूर्ण है। हमें सभी को इस घटना से सीख लेकर आगे बढ़ने की आवश्यकता है ताकि भविष्य में इस तरह के दुखद हादसों से बचा जा सके।





