Session: बिहार विधानसभा का सत्र कल से, टैबलेट और सेंसर माइक का उपयोग

बिहार विधान सभा: बिहार विधान सभा की कार्यवाही अब पूरी तरह से हाइटेक होने जा रही है। इसका आगाज सोमवार को 18वीं विधानसभा के पहले सत्र से होगा। इस सत्र में विधानसभा की सभी कार्यवाहियाँ पेपरलेस प्रणाली में संचालित की जाएंगी। सदस्यों द्वारा सवाल पूछने से लेकर उत्तर प्राप्त करने तक सभी प्रक्रियाएँ अब टैबलेट…

Session: बिहार विधानसभा का सत्र कल से, टैबलेट और सेंसर माइक का उपयोग

बिहार विधान सभा: बिहार विधान सभा की कार्यवाही अब पूरी तरह से हाइटेक होने जा रही है। इसका आगाज सोमवार को 18वीं विधानसभा के पहले सत्र से होगा। इस सत्र में विधानसभा की सभी कार्यवाहियाँ पेपरलेस प्रणाली में संचालित की जाएंगी। सदस्यों द्वारा सवाल पूछने से लेकर उत्तर प्राप्त करने तक सभी प्रक्रियाएँ अब टैबलेट के माध्यम से ऑनलाइन की जाएंगी। विधानसभा सदस्यों की सीटों पर टैबलेट लगाए गए हैं, जिससे कार्यवाही में तेजी और पारदर्शिता बढ़ेगी।

विधानसभा सचिव के साथ-साथ अन्य कर्मचारी भी अब टैबलेट का उपयोग करेंगे। इसके अलावा, सदन की कार्यवाही का लाइव प्रसारण भी किया जाएगा। यह सब कुछ नेशनल ई-विधान (नेवा) ऑनलाइन प्लेटफार्म के माध्यम से किया जाएगा। विधानसभा सदस्य अपने मोबाइल फोन या टैबलेट पर नेवा ऐप इंस्टॉल कर सकेंगे, जो एंड्रॉइड और आईओएस दोनों ऑपरेटिंग सिस्टम के लिए उपलब्ध है। यह प्रणाली पहले विधान परिषद में लागू की जा चुकी है, जिससे विधायकों को तकनीकी सुविधा का लाभ मिल सका है।

सदन में नए सेंसर वाले माइक और बड़े टीवी

इ-विधान प्रोजेक्ट के अंतर्गत विधानसभा में नए सेंसर वाले माइक स्थापित किए गए हैं। इन माइक की मदद से कार्यवाही अधिक प्रभावी होगी। इसके अलावा, सदन में छह बड़े टीवी भी लगाए गए हैं, जिनमें किसी प्रस्ताव या विधेयक पर मतदान के दौरान परिणाम प्रदर्शित किए जाएंगे। मतदान के समय सदस्यों की संख्या भी इन टीवी पर देखी जा सकेगी। सदन में हाई-स्पीड वाई-फाई की सुविधा भी प्रदान की गई है, जिससे विधायक सदन में कही गई बातों को सुनने में हेडसेट का उपयोग कर सकेंगे।

विधायकों को सुनने के लिए नए हाइटेक हेडसेट भी प्रदान किए गए हैं। हर सीट पर हेडसेट के साथ डिजिटल डिस्प्ले लगाया गया है, जो वॉल्यूम को कम और ज्यादा करने के लिए सॉफ्ट बटन के साथ उपलब्ध है। डिस्प्ले पर वॉल्यूम का स्तर डिजिटल रूप से प्रदर्शित होता है। विधानसभा सचिवालय ने सदन के काम-काज को हाइटेक करने की जिम्मेदारी एनआईसी को सौंपी है।

सदन को अधिक सुंदर और आधुनिक बनाया गया

सदन की सुंदरता को पहले के मुकाबले कई गुना बढ़ा दिया गया है। सीटों के गद्दों को बदला गया है और नए विदेशी मार्बल का उपयोग किया गया है। इससे सदन की आंतरिक सजावट में निखार आया है। वेल के हिस्से में नए कारपेट भी लगाए गए हैं, जो सदन की भव्यता को बढ़ाते हैं। विधानसभा परिसर के लॉन में विशेष रूप से कोलकाता से मंगवाए गए मैक्सिकन घास लगाए गए हैं, जिस पर कदम रखते ही विधायकों को मखमली अहसास होगा। लॉन के किनारे गेंदा और गुलदाउदी के पौधों की रोपाई भी की गई है, जो सदन के वातावरण को और भी सुगंधित बनाएगी।

इस नई पहल के साथ, बिहार विधानसभा न केवल तकनीकी दृष्टि से उन्नत हो रही है, बल्कि इसकी भव्यता और सजावट में भी उल्लेखनीय सुधार हो रहा है। यह सभी बदलाव न केवल कार्यवाही को सुगम बनाएंगे, बल्कि सदन की गरिमा और महत्व को भी बढ़ाएंगे।

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