Uttar Pradesh News: UP Board Exam 2026 : इस बार नहीं तो अब AI के लिए बजट नहीं रखेगा यूपी बोर्ड, एजेंसियां अधिक बजट मांग रहीं

Uttar Pradesh News: राज्य ब्यूरो, जागरण, प्रयागराज। UP Board Exam 2026 यूपी बोर्ड की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा के लिए करीब आठ हजार केंद्रों के स्ट्रांग रूम में कई-कई दिन रखे प्रश्नपत्रों की सुरक्षा तकनीकि के बढ़ते दौर में चुनौतीपूर्ण है। ऐसे में यूपी बोर्ड प्रश्नपत्रों की सुरक्षा आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआइ) से कराने के प्रयास…

Uttar Pradesh News: UP Board Exam 2026 :  इस बार नहीं तो अब AI के लिए बजट नहीं रखेगा यूपी बोर्ड, एजेंसियां अधिक बजट मांग रहीं

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राज्य ब्यूरो, जागरण, प्रयागराज। UP Board Exam 2026 यूपी बोर्ड की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा के लिए करीब आठ हजार केंद्रों के स्ट्रांग रूम में कई-कई दिन रखे प्रश्नपत्रों की सुरक्षा तकनीकि के बढ़ते दौर में चुनौतीपूर्ण है। ऐसे में यूपी बोर्ड प्रश्नपत्रों की सुरक्षा आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआइ) से कराने के प्रयास में है।

UP Board Exam 2026 इसके लिए बोर्ड सचिव भगवती सिंह ने निविदा आमंत्रित कर एआइ सुविधा प्रदान करने वाली एजेंसियों से आवेदन मांगे। इसमें दो ही एजेंसियों के आवेदन मिले, वह भी निर्धारित बजट 25 करोड़ रुपये से अधिक के।

UP Board Exam 2026 वर्ष 2025 की परीक्षा में भी बोर्ड ने इसके लिए प्रयास किए थे, लेकिन एजेंसियों की अधिक बजट की मांग पर हाथ पीछे खींच लिए थे। यदि इस बार भी सफलता नहीं मिली तो अगली परीक्षा में इसके लिए बजट का प्रविधान नहीं करने पर बोर्ड विचार कर रहा है।

 

UP Board Exam 2026 की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा के लिए केंद्र निर्धारण की प्रक्रिया चल रही है। वर्ष 2025 की परीक्षा में पंजीकृत करीब 54.38 लाख परीक्षार्थियों के लिए 8140 केंद्र बनाए गए थे। वर्ष 2026 की परीक्षा के लिए 52.30 लाख परीक्षार्थी पंजीकृत हैं, जो कि वर्ष 2025 की तुलना में करीब दो लाख कम हैं।

ऐसे में इस बार परीक्षा केंद्र कुछ कम बनने की उम्मीद है। इन केंद्रों के स्ट्रांग रूमों में प्रश्नपत्र रखे जाएंगे, जिसकी सुरक्षा कराना यूपी बोर्ड के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसी कारण स्ट्रांग रूमों की निगरानी एआइ के माध्यम से कराए जाने के प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन एआइ सुविधा प्रदान करने वाली एजेंसियों का रुझान इस ओर कम है।

इसकी वजह बजट का कम होना बताया जा रहा है। यदि एजेंसियां निर्धारित बजट पर सुविधा देने को इस बार तैयार नहीं होती हैं तो बोर्ड पूर्व की तरह टीमें गठित कर तथा राज्य स्तरीय कंट्रोल रूम से पूरी परीक्षा के दौरान 24 घंटे स्ट्रांग रूमों की निगरानी कराएगा।

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